सीएम का उपवास समाप्त
मध्य प्रदेश में शांति बहाली के लिए गांधीवादी स्टाइल अपनाने के दूसरे दिन सीएम शिवराज सिंह चौहान ने अपना उपवास तोड़ दिया. बीजेपी के वरिष्ठ नेता कैलाश जोशी ने शिवराज को नारियल पानी पिलाकर उनका उपवास तुड़वाया. उपवास तोड़ने पहले अपने संबोधन में शिवराज सिंह ने एक बार फिर किसानों के साथ होने की बात दोहराई साथ ही हिंसा के लिए जिम्मेदार तत्वों पर कार्रवाई की बात कही.
उन्होंने कहा कि एमएसपी से कम पर किसान से खरीदारी करना अपराध के समान है. इससे पहले, आज सुबह उनका मेडिकल चेकअप हुआ. शिवराज शनिवार की सुबह 11 बजे से अनिश्चितकालीन उपवास पर बैठे हैं.
कल मंदसौर में मारे गए 6 किसानों में से 4 किसानों के परिजनों से वो मिले और उपवास ख़त्म करने को कहा. शनिवार को इन परिवारों को भी शिवराज ने कहा कि सूबे में शांति होते ही वे उपवास ख़त्म कर देंगे. आज मंदसौर में कर्फ्यू हटा दिया गया. मृतक किसानों के परिजन ने उपवास स्थल राजधानी भोपाल के दशहरा मैदान पर उनसे मुलाकात करने के बाद उनसे उपवास तोड़ने की भावुक अपील की थी.
राज्य में 6 जून को मंदसौर जिले में किसान आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों पर पुलिस द्वारा की गई फायरिंग में पांच किसानों की मौत हो गई थी और छह अन्य किसान घायल हो गये थे. इसके बाद किसान भड़क गये और किसान आंदोलन समूचे मध्यप्रदेश में फैल गया तथा और हिंसक हो गया. अपनी उपज का सही मूल्य दिलाये जाने और कर्ज माफी समेत 20 सूत्रीय मांगों को लेकर किसानों ने यह आंदोलन किया.
मध्य प्रदेश में शांति बहाली के लिए गांधीवादी स्टाइल अपनाने के दूसरे दिन सीएम शिवराज सिंह चौहान ने अपना उपवास तोड़ दिया. बीजेपी के वरिष्ठ नेता कैलाश जोशी ने शिवराज को नारियल पानी पिलाकर उनका उपवास तुड़वाया. उपवास तोड़ने पहले अपने संबोधन में शिवराज सिंह ने एक बार फिर किसानों के साथ होने की बात दोहराई साथ ही हिंसा के लिए जिम्मेदार तत्वों पर कार्रवाई की बात कही.
उन्होंने कहा कि एमएसपी से कम पर किसान से खरीदारी करना अपराध के समान है. इससे पहले, आज सुबह उनका मेडिकल चेकअप हुआ. शिवराज शनिवार की सुबह 11 बजे से अनिश्चितकालीन उपवास पर बैठे हैं.
कल मंदसौर में मारे गए 6 किसानों में से 4 किसानों के परिजनों से वो मिले और उपवास ख़त्म करने को कहा. शनिवार को इन परिवारों को भी शिवराज ने कहा कि सूबे में शांति होते ही वे उपवास ख़त्म कर देंगे. आज मंदसौर में कर्फ्यू हटा दिया गया. मृतक किसानों के परिजन ने उपवास स्थल राजधानी भोपाल के दशहरा मैदान पर उनसे मुलाकात करने के बाद उनसे उपवास तोड़ने की भावुक अपील की थी.
राज्य में 6 जून को मंदसौर जिले में किसान आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों पर पुलिस द्वारा की गई फायरिंग में पांच किसानों की मौत हो गई थी और छह अन्य किसान घायल हो गये थे. इसके बाद किसान भड़क गये और किसान आंदोलन समूचे मध्यप्रदेश में फैल गया तथा और हिंसक हो गया. अपनी उपज का सही मूल्य दिलाये जाने और कर्ज माफी समेत 20 सूत्रीय मांगों को लेकर किसानों ने यह आंदोलन किया.
No comments:
Post a Comment