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Wednesday, June 4, 2014

क्यों ग्रहण किया जाता है भगवान का प्रसाद

श्रीमद् भगवद् गीता के अनुसार किसी भी व्यक्ति का जूठा खाना वैसे तो तमोगुणी भोजन होता है जोकि हमारे अन्दर निद्रा-आलस्य-क्रोध व ईर्ष्या आदि को बढ़ाता है ।
यातयामं गतरसं पूति पर्युषितञ्च यत् ।
उच्छिष्टमपि चामेध्यं भोजनं तामसप्रियम् ॥ (१७/१०)
परन्तु यही जूठन यदि भगवान की हो, तो वह महाप्रसाद कहलाती है जोकि हमारे जन्म-मृत्यु के चक्र को समाप्त करने में पूर्ण समर्थ है।ये बात अलग है कि कम पुण्य या कम सुकृतियों से जैसे भगवान में व भगवान के विग्रह में विश्वास नहीं होता है उसी प्रकार पुण्यों की कमी से प्रसाद की दिव्यता का भी अनुभव नहीं होता है। संसार में भी देखा जाता है कि हम लोग सब जूठन नहीं खाते। सिर्फ उनकी जूठन लेते हैं जिनसे हमारा प्यार होता है या अपना प्यार बढ़ाना होता है।भगवद् भक्त लोग अपना प्यार भगवान से असीम मात्रा तक बढ़ाना चाहते हैं, इसलिए अपनि दिनचर्या में जो भी खाते हैं, भगवान को भोग लगाकर उनका प्रसाद ही खाते हैं। भगवान का प्रसाद जिस तरह से हमारे अन्दर भगवान के प्रति प्यार बढ़ाता है उसी प्रकार भगवान के प्रेमी भक्तों की जूठन को खाने से साधक को हरि-भजन करने में ताकत मिलती है।महान वैष्णव आचार्य व श्रीश्रीराधा-मदनमोहन जी के विशेष कृपा-पात्र श्रील कृष्ण दास कविराज गोस्वामी जी ने श्रीचैतन्य चरितामृत में कहा है कि हमारे सनातन धर्म के ग्रन्थों के अनुसार वैष्णवों के चरणों की धूलि, वैष्णवों के चरणों का जल तथा वैष्णवों की जूठन से कृष्ण भजन करने के लिए आत्म-बल बढ़ता है।
 
भक्त पद-धुलि आर भक्तपद-जल।
भक्तभुक्त-शेष, - एइ तिन साधनेर बल॥
एइ तिन सेवा हैते कृष्णप्रेमा हय ।
पुनः पुनः सर्व शास्त्रे फुकारिया कय ॥ (श्रीचैतन्य चरितामृत, अन्त्य लीला, १६/ ६०-६१)
जिस तरह भगवान की जूठन को महाप्रसाद कहा जाता है, उसी तरह भगवान के प्रेमी भक्तों की जूठन को महा-महा-प्रसाद कहा जाता है।दोनों तरह के प्रसाद पाने से हमारा भगवान में और उनके प्रेमी भक्तों में प्यार बढ़ता है,  हमें भगवद् भक्ति की प्राप्ति होती है। और इस जीवन के बाद भगवान के उस धाम में भगवान की सेवा की प्राप्ति होती है जहां से दोबारा लौट कर जन्म-मृत्यु के चक्र में नहीं आना पड़ता।जबकि दूसरी ओर देवी-देवताओं का प्रसाद पाने से हमारा देवी-देवताओं के रति अनुराग बढ़ता है । श्रीमद् भगवद् गीता (७/२३) के अनुसार अन्त में हमें उन्हीं देवी-देवताओं के स्वर्ग, इत्यादि धामों में वास मिलता है। श्रीमद् भगवद् गीता में भगवान श्रीकृष्ण, अर्जुन के माध्यम से हमें यह भी बताते हैं कि देवी-देवताओं के धाम जाने के बाद फिर पुनर्जन्म होता है अर्थात् देवी-देवताओं का भजन करने से, उनका प्रसाद खाने से व उनके धाम तक पहुंचने पर भी जन्म-मृत्यु का चक्र खत्म नहीं होता है (श्रीगीता ८/१६)।यही कारण है कि भगवान के भक्त लोग, अपने परिवार के लोगों का, अपने रिश्तेदारों का व समाज के व्यक्तियों का तथा देवी-देवताओं का सम्मान करते हैं परन्तु उनका प्रसाद नहीं खाते। यदि भगवान का प्रसाद देवी-देवताओं को अर्पित किया जाए तो उस प्रसाद को पाकर देवी-देवता बहुत प्रसन्न होते हैं तथा उस महाप्रसाद को ग्रहण किया जा सकता है।

Tuesday, June 3, 2014

भजन संध्या के दौरान लगाई चढ़ावें की बोलियां,देर रात तक झूमें श्रद्धालु

रामेश्वर महादेव मंदिर का 11वां पाटोत्सव हर्षोल्लास व धूमधाम से संपन्न
बालोतरा। समदड़ी रोड स्थित रामेश्वर महादेव मंदिर के 11वां पाटोत्सव महामंडलेश्वर राघवदास महाराज,हनुमान बगेची गादिपति नरसिंगदास महाराज,संतोकनाथ महाराज व रामेश्वरदास महाराज के सानिध्य में धूमधाव हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।
पाटोत्सव के तहत सोमवार रात्रि में विशाल भजन संध्या का आयोजन किया जिसमें भजन गायक जबराराम पंवार ने गणपित वंदना व गुरू महिमा के साथ आगाज किया। गायक श्याम पालीवाल ने भगवान महादेव,बालाजी जगदंबा व भैरूजी के अनेक भजनों की प्रस्तुतियां देकर श्रद्धालुओं को भाव विभोर कर दिया। गायक हर्ष माली ने भी एक से बढक़र एक भजनों की बेहतरीन प्रस्तुतियां देकर देर रात तक समां बांधे रखा। मंच का संचालन ओमप्रकाश पंवार,गणपत पंवार व राजू माली ने किया। मंगलवार को प्रात:ब्रह्म वेला में यज्ञ का आयोजन किया गया जिसमें बोलीदाता परिवारों द्वारा आहुतियां दी गई। उसके पश्चात मंदिर के शिखर पर ध्वजा गोविंदराम गोराजी सुंदेशा बालोतरा के परिवार द्वारा चढ़ाई गई तथा माहाआरती के साथ महाप्रसादी का आयोजन किया गया जिसमें माली समाज के सैकड़ों लोगों ने प्रसादी ग्रहण की।

चढ़ावे की बोलियों में बढ़ चढक़र श्रद्धालुओं ने लिया भाग
भजन संध्या के दौरान विभिन्न चढ़ावे की बोलियां भी लगाई गई। जिसमें महाप्रसादी की बोली भगारामजी,भलाजी,बुधारामजी गहलोत डीसा तथा भजन संध्या की बोली किस्तुरजी रूपाजी गहलोत ने लाभ प्राप्त किया। इस अवसर पर सुनिल परिहार,नगर परिषद सभापति महेश बी चौहान,पूर्व विधायक मदन प्रजापत,समाजसेवी करनाराम पंवार,समाजसेवी मोहम्मद युसुफ भांतगर सरपंच कुंपाराम पंवार,सुजाराम सुंदेशा,होताराम पंवार,सांवलराम पंवार,पंकज परिहार,मंगलाराम टांक,बाबुलाल गहलोत,लुणाराम पंवार,मूलाराम जसोल,भैराराम सोलंकी,हिरालाल पंवार,पुखराज पचपदरा,सांवलराम सिवाना,बाबुलाल कच्छवाह,नरसिंग आसोतरा,जगदीश सुंदेशा,भैराराम चौहान,लक्ष्मण,घेवरचंद,चेतन कच्छवाह,शिवलाल,माणक गहलोत,श्रवण सुंदेशा सहित बड़ी संख्या में सैकड़ों श्रद्धालु उपस्थित थे।

सिंधु संस्कृति बाल संस्कार शिविर 6 जून से

बालोतरा। भारतीय सिंधु सभा एवं सिंधी समाज बालोतरा के संयुक्त तत्वावधान में सिंधु संस्कृति का बाल संस्कार शिविर (समर कैंप) 6 जून से नयापुरा स्थित सेठ शंभुमल सिंधी पंचायत भवन में आयोजित होगा।
भारतीय सिंधु सभा के सचिव राजा संगतानी व अध्यक्ष इंद्रकुमार बसरानी ने बताया कि सिंधु सभ्यता व संस्कृति को बचाने के लिए प्रदेश में इस तरह के शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। बाड़मेर जिला महामंत्री रमेश कुमार सायानी ने बताया कि जयपुर से आई सिंधी विषय की पुस्तकों का वितरण सिंधी समाज के बालकों में की गई। शिविर 10 जून तक हर रोज सवेरे 8 बजे से 10 बजे तक चलेगा। शिविर का मुख्य उद्देश्य नई पीढ़ी को सिंधी भाषा, संस्कृति और संस्कारों की जानकारी दी जाएगी। शिविर आयोजन को लेकर भाषा व संस्कृति मंत्री विक्की लालवानी, शिविर प्रभारी सुनील लालवानी, अयज चंदानी, प्रकाश सोनी, मनीष लालवानी, रामकुमार सुखनानी, वासुदेव बसरानी, प्रतापमल लालवानी, बाबूलाल आहुजा, टीकमदास खियानी आदि तैयारियों में जुटे हुए हैं।

राज्य सरकार के आदेशों की खुले आम उड़ रही धज्जियां

                 भगाराम पंवार
बालोतरा। राज्य सरकार द्वारा शुरू की गई लोक सेवा गांरटी व लोक सूचना के अधिकार के तहत ग्रामीणों को इन योजना का कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है तथा न ही इस संबंध कोई अधिकारी जवाब दिया जा रहा है जिसके चलते अधिकारियों द्वारा इन योजना को दिनों दिन ठंडे बस्ते में डाली जा रही है। जिसके चलते लोगों भी इन योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है।
नियमों की उड़ रही है धज्जियां 
राज्य सरकार ने लोक सेवा गारंटी व लोक सूचना के अधिकार के तहत मांगी जा रही सूचनाओं के संबंध में अधिकारियों इस ओर कोई ठोस कदम नहीं उठाने के कारण लोगों को कार्यालयों के चक्कर निकालने पड़ रहे है तथा ग्रामीणों द्वारा मांगी जा रही सूचनाओं के संबंध कोई जानकारी नहीं दी जा रही है। जिसके चलते लोगों को इन योजना का लाभ नहीं मिलने के कारण कार्यालयों से निराश होकर लौटना पड़ रहा है।
बोर्ड लगाकर आदेशो की इतिश्री 
राज्य सरकार के निर्देशों अनुसार उपखंड क्षेत्र में विभिन्न विभागों के अधिकारियों द्वारा अपने कार्यालय में लोक सेवा गारंटी व लोक सूचना के तहत मांगी जाने वाले सूचना के संबंध में कार्यालय में बोर्ड लगाकर आदेशों की इतिश्री कर दी तथा राज्य सरकार के निर्देशों के बाद भी लोगों को इन योजनाओं के तहत सूचना उपलब्ध नहीं करवाई जा रही है। जिसके चलते राज्य सरकार के आदेशों की अवहेलना हो रही है।
इन विभाग के लंबित पड़ी सूचना 
लोक सेवा गांरटी व लोक सूचना के तहत दी जाने वाली सूचना उपखंड क्षेत्र में विभिन्न कार्यालयों में आज भी सूचनाएं लंबित पड़ी है तथा लोगों को अपनी सूचना लेने के लिए कार्यालयों के चक्कर काटते दिखाई दे रहे है। उपखंड मुख्यालय स्थित नगर परिषद कार्यालय में अनकों आवेदन पिछले तीन माह से लगाकर एक वर्ष तक के आवदेन पेंडिग पड़े है जिसकी सूचनाएं आज दिन तक नही दी गई है। नकल शाखा में नियुक्त कर्मचारी ये कहते है कि मेरे द्वारा संबंधित शाखा में आप के आवेदन सहित अनेक बार पत्र भी प्रेषित किए है,मगर मुझे रेकर्ड उपलब्ध नही करवाया जा रहा है। इसी प्रकार पंचायत समिति बालोतरा के विभिन्न ग्राम पंचायतों में, जलदाय विभाग कार्यालय, सार्वजनिक निर्माण विभाग, डिस्कॉम कार्यालय सहित कई विभागों में इन योजनाओं के तहत सूचनाएं लंबित पड़ी है।

डीआरजे कन्या महाविद्यालय में शैक्षणिक प्रवेश प्रक्रिया प्रारंभ

बालोतरा। डीडवानिया रामीदेवी जसराजजी राजकीय कन्या महाविद्यालय में शैक्षणिक सत्र 2014-15 के लिए प्रवेश प्रक्रिया सोमवार से प्रारंभ हो गई है। प्राचार्य ने बताया कि आवेदन के लिए समस्त जानकारी, निर्देश, संभावित प्रश्नोत्तर तथा ऑनलाइन आवेदन स्वीकार कर रहे हैं। कॉलेज की लिंक भी विद्यार्थियों को आयुक्तालय कॉलेज शिक्षा की पोर्टल पर दिए गए एडमिशन लिंक पर क्लिक करने पर उपलब्ध होंगे। प्रवेश के इच्छुक अभ्यर्थी 19 जून तक आवेदन कर सकते हैं। राज्य सरकार ने सभी ई मित्र, सीएससी, कियोस्कों को चयनित राजकीय महाविद्यालयों के स्नातक प्रथम वर्ष में प्रवेश के लिए ऑनलाइन आवेदन करने के लिए अधिकृत किया है। सेवाशुल्क का विवरण आयुक्तालय कॉलेज शिक्षा की वेबसाइट व कॉलेज के सूचना पट्ट पर उपलब्ध होगा। प्राचार्य ने बताया कि ऑनलाइन आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को कॉलेज में हार्डकॉपी जमा नहीं करवानी होगी। अभ्यर्थियों को एप्लीकेशन आईडी उनके द्वारा फॉर्म में दिए मोबाइल नंबर पर एसएमएस के माध्यम से प्राप्त होगी। एप्लीकेशन आईडी से अभ्यर्थी ऑनलाइन आवेदन की वेबसाइट के लिंक से प्राप्त कर सकेंगे तथा अंतरिम सूची में स्थान प्राप्त करने के बाद वे अपना काउंसिल फॉर्म भी वेब लिंक से प्राप्त कर सेकेंगे। स्नातक प्रथम वर्ष के लिए प्रथम अंतरिम प्रवेश सूची का प्रकाशन 21 जून को होगा।
इसमें स्थान पाने वाले अभ्यर्थियों को 26 जून तक प्रमाण पत्र की जांच के बाद प्रवेश योग्य पाए जाने पर निर्धारित शुल्क संबंधित महाविद्यालय में जमा करवाना होगा। प्रवेश नीति 2014-15 के अनुसार एकीकृत प्रवेश प्रक्रिया के अंतर्गत स्नातक द्वितीय एवं तृतीय वर्ष तथा स्नातकोत्तर उत्तराद्र्ध के लिए गत वर्ष के नियमित विद्यार्थियों को परिणाम घोषित होने या न होने की स्थिति में संबंधित कॉलेज में बिना कोई आवेदन पत्र भरे सीधे ही निर्धारित शुल्क 31 जुलाई तक आवश्यक रूप से जमा करवाना होगा। ऑनलाइन आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को कॉलेज में हार्डकॉपी जमा नहीं करवानी

साधु बनकर आश्रम में रह रहे जीजा ने साली से किया रेप... एक सप्‍ताह में कई बार रेप करने का आरोप.

यूपी के मथुरा जनपद में साधु बनकर रह रहे एक व्‍यक्ति पर उसकी साली ने रेप करने का सनसनीखेज आरोप लगाया है. युवती ने कहा कि उसके जीजा ने उसके साथ कई बार रेप किया और विरोध करने पर उसकी पिटाई भी की. पुलिस ने आरोपी साधु वेशधारी जीजा को गिरफ्तार कर लिया है. युवती की हाल ही शादी हुई है.
पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, यमुनापार क्षेत्र के मावली गांव में एक युवती बीते सप्‍ताह शादी के बाद वृन्‍दावन घूमने के इरादे से आई थी. वह पानीघाट के निकट अपने जीजा के आश्रम में ठहरी हुई थी. उसका जीजा घर छोड़कर साधु बन गया था. युवती का आरोप है कि उसके जीजा ने बीते एक हफ्ते में उसके साथ कई बार रेप किया है. यही नहीं, विरोध करने पर साधु वेशधारी जीजा ने उसकी पिटाई की और जान से मारने की धमकी भी दी.
पुलिस ने सोमवार को युवती की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया है और उसके जीजा को गिरफ्तार कर लिया है. युवती को मेडिकल जांच के लिए भेजा गया है.

Monday, June 2, 2014

श्री माजीसा व सवाईसिंह राठौड़ मंदिर का चतुर्थ वार्षिक उत्सव 7 व 8 जून को

बालोतरा। समीपवर्ती उमरलाई गांव स्थित श्री माजीसा भटियाणीजी व श्री सवाईसिंह राठौड़ मंदिर के चतुर्थ वार्षिकोत्सव को लेकर 7 व 8 जून को विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान उमरलाई मठ महंत रामानंद सरस्वती महाराज,सिणधरी के रूपाराम महाराज,बालोतरा के नारायणदास महाराज,मोकलसर के श्री दत्तगिरी महाराज,सिणधरी के देवाराम महाराज,लालाणा के गिरिवरगिरी महाराज व संतोषगिरी महाराज के सानिध्य में आयोजित किए जाएंगे। आयोजन समिति के संयोजक मोहनलाल देवासी ने बताया कि चतुर्थ वार्षिक उत्सव को लेकर 7 जून रात्रि में विशाल भजन संध्या का आयोजन किया जाएगा। भजन संध्या में भजन गायक प्रकाश माली,श्याम पालीवाल,भंवर गायणा,ओमप्रकाश प्रजापत,भीखराम देवासी,सरिता खारवाल,अशोक प्रजापत,हर्ष माली,शिवपुरी,अशोक गायणा व गणपत गायणा सहित अनेक भजन गायक अपनी प्रस्तुतियां देंगे तथा मंच का संचालन राजू माली व सोहन प्रजापत जोधपुर करेंगे। देवासी ने बताया कि भजन संध्या में नृत्य कलाकार के रूप में रवि बंजारा,मदन प्रजापत,जोगेंद्र देवासी,राकेश छापरवाल,नवीन दुंदाड़ा व भावना मकवाना भी अपनी कला की बेहतरीन प्रस्तुतियां देंगे।
उन्होंने बताया कि मुख्य अतिथि के रूप में पचपदरा विधायक अमराराम चौधरी,बायतु विधायक कैलाश चौधरी,सिवाना विधायक हमीरसिंह भायल,अध्यक्षता शंभूसिंह राठौड़,पूर्व सरंपच वगतावरसिंह व पूर्व विधायक मदन प्रजापत करेंगे। विशिष्ट अतिथि के रूप में उमरलाई सरपंच श्रीमती सबर कंवर,प्रधान जमना देवी गोदारा,नगर परिषद नेता प्रतिपक्ष रतन खत्री,हुकमसिंह अजीत,राधेश्याम माली,देवासी समाज अध्यक्ष हड़मानाराम,पूर्व राज्य मंत्री खेताराम देवासी,जालोर बसपा जिलाध्यक्ष बीजाराम देवासी व अमरसिंह सोलंकी शिरकत करेंगे। देवासी ने बताया कि 8 जून प्रात: ध्वजारोहण,महाआरती व महाप्रसादी का आयोजन होगा,जिसमें सैकड़ों श्रद्धालु प्रसादी ग्रहण करेंगे। इस आयोजन को लेकर श्री माजीस मित्र मंडल के कार्यकर्ता तैयारियों में जोर शोर से जुटे हुए है। 

एक ही परिवार की एक साथ उठी चार अर्थिया,गमगीन माहौल में की अंत्येष्टी

बालोतरा। शहर के प्रजापतों के वास में रहने वाले एक ही परिवार के दो सगे भाईयों के परिवार के चार सदस्यों की गुजरात के नडियाद में पानी में डूबने से मौत हो गई। जिनके शव सोमवार को बालोतरा पहुंचने पर गमगीन माहौल में अंतिम संस्कार किया गया। शव बालोतरा पहुंचने पर मौहल्ले में लोगों के घरों के चूल्हें तक नहीं जले और हर तरफ क्रुंदन और चीत्कार ही सुनाई दे रही थी। मृतकों के परिजनों को ढ़ाढस बंधाते हुए प्रजापत समाज सहित विभिन्न समाजों के हजारों लोगों ने शव यात्रा में भाग लिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार बालोतरा के मूल निवासी त्रिलोकचंद पुत्र मोमताराम प्रजापत का परिवार व उनके भाई खीमराज का पुत्र रविवार को अहमदाबाद से नडियाद के पास डाकोरजी तीर्थ के समीप स्थित गलतेश्वर महादेव मंदिर पर दर्शन करने के लिए गए थे। वहां की मान्यता है कि दर्शन करने से पूर्व मंदिर के पास बह रहीं नदी में स्नान करना या हाथ पैर धोना आवश्यक है। नदी मेंं स्नान करते समय राजेश पुत्र त्रिलोकचंद 19 वर्ष,वदामी देवी पत्नी त्रिलोकचंद 38 वर्ष,सोनिया पुत्री त्रिलोकचंद 16 वर्ष व विकास पुत्र खीमराज प्रजापत उम्र 16 वर्ष की डूबने से मौत हो गई। त्रिलोकचंद को डूबते हुए को उसके भाई की पुत्री ललिता ने जैसे तैसे कर बचा लिया।
छोटे भाई की पुत्री ने दिखाया साहस
ललिता ने डूबने की खबर अपने बड़े पिताजी नगराज प्रजापत बालोतरा को मोबाईल पर देकर बताया कि त्रिलोकचंद का पूरा परिवार पानी डूब गया है। नगराज प्रजापत के कहे अनुसार ललिता ने जोर-जोर से चिल्लाना शुरू किया। चिल्लाने की आवाज सुनने पर दूर खड़े अनेक लोग दौड़ कर आए। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची और गोताखोरों के सहयोग से शवों को बाहर निकाल कर पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को शव सुपुर्द कर दिए। 

Sunday, June 1, 2014

पचपदरा के शनिदेव मंदिर में देर रात तक बही भक्ति सरिता

बालोतरा। पचपदरा कस्बे के मुख्य बाजार स्थित रामघाट पर श्री सूर्य पुत्र शनिदेव मंदिर में शनिवार रात्रि में एक विशाल भजन संध्या का आयोजन परेऊ मठ महंत ओंकार भारती महाराज व जागनाथ महादेव मठ खारवाल समाज गुरूद्वारा महंत डूंगरभारती महाराज के सानिध्य में किया गया। भजन संध्या का आगाज मोतीवन गोस्वामी ने गणपति वंदना में थाने सिंवरू गणपति देवा से किया। भजन गायक प्रकाश माली ने गुरू महिमा के साथ चौसठ जोगणी रे थारे देवलिए रमझाए ..,पीछम धरा सूं म्हारा पीरजी पधारियां ..,सहित अनेक भजनों की प्रस्तुतियों से श्रद्धालुओं को भाक्तिरस से सरोबार कर दिया। भजन गायक श्याम पालीवाल ने भजन सिंवरू देवी शारदा गणपत लागू पाय ..,थारे पगे घुघरियों री माल भैरूजी लटियाला ..,पचपदरा रा चौक में शनिबाबा बिराजे ओं ..,सहित कई भजनों की एक से बढक़र एक बेहतरीन प्रस्तुतियां देकर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। ख्यातिनाम भजन गायिका सरिता खारवाल ने भजन में तो रे मनाऊ म्हारी आशापुरा ऐ मां ..,सवा लाख री चुनड़ी में छूटे छेड़े आई ओ मां आशापुरी ..,सहित कई सुमधुर भजनों की प्रस्तुतियां देकर देर रात तक समां बांधे रखा।
भजन संध्या से पूर्व शनि मंदिर पर महाप्रसादी का आयोजन बाबुलाल, अनिल कुमार, राजकुमार डावरिया परिवार की ओर से किया गया। इस आयोजन में गोविंद खारवाल,ग्राम सेवक श्याम खारवाल,नरेश राठौड़,नारायण खारवाल,छगन खारवाल,चंदनसिंह राजपुरोहित,समाजसेवी मोहनसिंह देवासी,मोहम्मद युसुफ भांतगर सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित थे।

सूर्य देवता ने दिखाया रौद्र रूप,आसमान से बरस रहीं आग

बालोतरा। उपखंड क्षेत्र में रविवार को रिकॉर्ड गर्मी का कहर रहा। पूरे दिन सूर्य देव इतने प्रचंड रूप में रहे कि ऐसा लगा मानों आसमान से आग बरस रही हो। दोपहर के समय तो लोगों का घरों से बाहर निकलना दूभर हो गया। मंगलवार सुबह से ही सूर्य चढऩे के साथ ही गर्मी का असर दिखने लगा था। दिन चढऩे के साथ गर्मी ने रौद्र रूप ले लिया। तेज चुभती धूप के साथ उमस के कारण लोग बेहाल नजर आए। दोपहर में सडक़ों पर तो कफ्र्यू सा लगा रहा। इधर नाहटा चिकित्सालय में गर्मी जनित बीमारियों से पीडि़त मरीज भी पहुंचने लगे हैं। अब तक दिन में गर्मी से झुलस रहे लोगों को रात में भी दिन की गर्मी के अहसास से गुजरना पड़ रहा है। अब तक 45 डिग्री सेल्सियस के दिन के तापमान से जूझ रहे लोगों का अब रात में भी सुकून छिन गया। बीते तीन सप्ताह से हवा का रुख निरंतर दक्षिण-पश्चिम रहने के कारण पारा चढ़ रहा था मगर शनिवार को हवा के रुख में मामूली तब्दीली हुई थी। दिन में कुछ घंटे के लिए हवा का रुख उत्तर-पूर्वी हुआ मगर इससे तापमान पर कोई प्रभाव नहीं हुआ। रविवार को दिन का अधिकतम तापमान में 45.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
दिन-रात का तापमान अधिक होने के कारण निरंतर लू चल रही है जिसके कारण लोग दिन में बाहर निकलने से कतरा रहे हैं। हालात यह है कि अब नल से पानी गर्म निकल रहा है और छतों पर रखा टंकियों का पानी भी खौलने लगा है। सुबह सात बजे से ही गर्मी अपने पांव पसार लेती है। रात 10 बजे तक गर्म हवा चलती है। आधी रात के बाद मामूली राहत मिलती मगर सूर्य निकलते ही फिर से लोग पसीने से तरबतर होने लगते। पशु-पक्षियों से लेकर पशु भी परेशानी से जूझ रहे हैं। मंगलवार को दिन में अब तक का सबसे ज्यादा तापमान होने से लोग अपने घरो से बाहर नही निकले कोई निकले भी तो शरीर को पूरा ढक़ कर निकले। समाजसेवी राजा संगतानी का कहना है कि  इतनी भीषण गर्मी में लोग अपने-अपने स्तर पर ठंडे पेयजल की व्यवस्था कर रहे और राहगिरों के लिए शीतल जल व ठंडे आदि की व्यवस्थाए नि:शुल्क कर रहे है,जिससे लोगों को थोड़ी राहत मिल सके।

सर्व समाज ने दिया ज्ञापन

हिंदुओं पर बढ़ते अत्याचार को लेकर सर्व समाज द्वारा राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन बालोतरा वफ्फ बिल के विरोध की आड़ में सुनिश्चित योजना...